अमेरिका और भारत के बीच ट्रेड डील को लेकर एक बड़ी कूटनीतिक हलचल सामने आई है. फ्लोरिडा में देर रात (24 दिसंबर की रात ) हुई एक अहम बैठक में दोनों देशों ने न सिर्फ बिजनेस रिश्तों पर खुलकर चर्चा की, बल्कि आने वाले समय में भारत-अमेरिका साझेदारी की प्राथमिकताओं को लेकर भी स्पष्ट संकेत दिए. यह मुलाकात ऐसे वक्त पर हुई है जब दोनों देश ट्रेड डील, निवेश और स्ट्रैटेजिक सहयोग को नई दिशा देने की कोशिश में जुटे हैं.
क्या हुआ मीटिंग में….
अमेरिका में भारत के राजदूत Vinay Kwatra ने फ्लोरिडा के Mar-a-Lago में अमेरिका के नामित राजदूत Sergio Gor से मुलाकात की.
मार-ए-लागो वही जगह है, जो अमेरिका के राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप का निजी निवास माना जाता है. इस वजह से भी इस बैठक को काफी अहम माना जा रहा है.
ट्रेड डील पर क्या हुई बात?
बैठक के बाद विनय क्वात्रा ने साफ तौर पर कहा कि दोनों पक्षों के बीच भारत-अमेरिका ट्रेड टाइज को मजबूत करने के साझा लक्ष्य पर विस्तार से चर्चा हुई.
बातचीत का फोकस इस बात पर रहा कि कैसे दोनों देश आपसी बिजनेस को आसान बना सकते हैं और निवेश के नए रास्ते खोल सकते हैं.
सूत्रों के मुताबिक, चर्चा में यह भी सामने आया कि भारत और अमेरिका के बीच ट्रेड डील को आगे बढ़ाने के लिए किन-किन सेक्टर्स में तेजी लाई जा सकती है.
इसमें मैन्युफैक्चरिंग, टेक्नोलॉजी, सप्लाई चेन और नई उभरती इंडस्ट्रीज़ जैसे मुद्दे शामिल रहे. दोनों पक्ष इस बात पर सहमत दिखे कि ट्रेड डील सिर्फ आंकड़ों की नहीं, बल्कि भरोसे और लॉन्ग-टर्म पार्टनरशिप की कहानी है.
दोनों देशों के बिजनेस रिश्ते…
इस डिप्लोमैटिक मीटिंग में सिर्फ ट्रेड डील पर ही नहीं, बल्कि भारत-अमेरिका द्विपक्षीय साझेदारी की बड़ी तस्वीर पर भी बात हुई.
विनय क्वात्रा और सर्जियो गोर के बीच इस बात पर चर्चा हुई कि आने वाले समय में दोनों देश किन क्षेत्रों पर ज्यादा ध्यान देंगे. अगर आसान शब्दों में कहें तो ट्रेड डील एक कदम और आगे बढ़ गई
राजनयिक हलकों की मानें तो डिफेंस, क्लीन एनर्जी, डिजिटल इकॉनमी, स्टार्ट-अप इकोसिस्टम और लोगों के बीच संपर्क जैसे मुद्दे बातचीत का अहम हिस्सा रहे.
इसके अलावा, ग्लोबल और इंडो-पैसिफिक स्तर पर स्थिरता बनाए रखने में भारत-अमेरिका सहयोग को और मजबूत करने पर भी सहमति बनी.
सर्जियो गोर की भूमिका पर चर्चा
यह बैठक इसलिए भी अहम मानी जा रही है क्योंकि सर्जियो गोर भारत में अमेरिका के राजदूत के तौर पर अपनी जिम्मेदारी संभालने की तैयारी कर रहे हैं.
ऐसे में इस बातचीत को उनके कार्यकाल की प्राथमिकताओं की झलक के तौर पर देखा जा रहा है. दोनों पक्षों ने यह समझने की कोशिश की कि भारत-अमेरिका रिश्तों को अगले स्तर तक ले जाने के लिए किन कदमों की जरूरत होगी.
आगे क्या संकेत?
कूटनीतिक जानकारों का मानना है कि यह रात की बैठक भारत-अमेरिका ट्रेड डील को लेकर अच्छे संकेत देती है.
हालांकि किसी बड़े ऐलान की बात सामने नहीं आई है, लेकिन यह साफ है कि दोनों देश ट्रेड और स्ट्रैटेजिक पार्टनरशिप का एलान कब करेंगे. कुल मिलाकर ये बैठक काफी अहम है. जनवरी की शुरुआत में कुछ बड़े फैसले होने की उम्मीद है