फील्ड फायरिंग रेंज में रात की ड्यूटी पर सशस्त्र संतरी—सेना ने दी चेतावनी, “अवैध गतिविधि दिखी तो हथियार का इस्तेमाल संभव”
बीकानेर। महाजन फील्ड फायरिंग रेंज में सेना की संपत्ति के साथ हो रही छेड़छाड़ और पेट्रोल-डीजल चोरी की घटनाओं के बाद भारतीय सेना ने बेहद सख्त रुख अपनाया है। रेंज क्षेत्र में रात्रि ड्यूटी के दौरान तैनात संतरी अब पूर्ण रूप से हथियारों से लैस रहेंगे, और किसी संदिग्ध या अनैतिक गतिविधि के दौरान वे कानूनी अधिकारों के तहत हथियार का उपयोग कर सकते हैं।
गांव वालों को चेताया—“किसी अप्रिय घटना पर खुद होंगे जवाबदेह”
सेना की ओर से बीकानेर जिले के पुलिस थानों, सरपंचों और प्रशासनिक इकाइयों को भेजे गए पत्र में साफ लिखा गया है कि:
-
सरपंच अपने गांव के लोगों को इस निर्देश की जानकारी दें
-
रेंज क्षेत्र में सेना के वाहनों के पास जाने, छेड़छाड़ करने या ईंधन चोरी की कोशिश करने पर गंभीर परिणाम होंगे
-
किसी व्यक्ति को चोट या नुकसान होता है तो उसकी जिम्मेदारी उसी की होगी, महाजन फील्ड फायरिंग रेंज किसी भी स्थिति में जवाबदेह नहीं होगी
यह चेतावनी सीधे तौर पर ग्रामीणों को सतर्क करने और रेंज के प्रतिबंधित क्षेत्र में अनधिकृत प्रवेश रोकने के लिए जारी की गई है।
वाहनों से ईंधन चोरी की घटनाओं के बाद कड़ा कदम
सेना का कहना है कि कुछ ग्रामीण रात के समय रेंज क्षेत्र में खड़े सैन्य वाहनों से डीजल-पेट्रोल निकालने की कोशिश करते हैं।
हालांकि सेना पहले भी चेतावनी जारी कर चुकी है, मगर अब बढ़ती घटनाओं को देखते हुए यह पहली बार है जब पत्र में स्पष्ट रूप से यह उल्लेख किया गया है कि कार्रवाई के दौरान सैनिक को हथियार इस्तेमाल करने का अधिकार होगा।
पहले पढ़ें: सेना का आधिकारिक पत्र (सारांश)
-
रेंज क्षेत्र में रात की ड्यूटी पर हथियारबंद संतरी
-
किसी भी संदिग्ध गतिविधि पर त्वरित कार्रवाई
-
गांव वालों को चेतावनी से अवगत कराना अनिवार्य
-
अवैध प्रवेश या चोरी की कोशिश पर जिम्मेदारी पूरी तरह व्यक्ति की खुद की
-
सेना और रेंज प्रशासन किसी भी अप्रिय घटना के लिए जिम्मेदार नहीं

-
महाजन फील्ड फायरिंग रेंज में सैन्य वाहनों से ईंधन चोरी—सेना ने गांवों को चेताया, रात में सशस्त्र संतरी तैनात
बीकानेर। महाजन फील्ड फायरिंग रेंज में सेना के वाहनों से पेट्रोल-डीजल चोरी की लगातार सामने आ रही घटनाओं के बाद सेना ने कड़ा कदम उठाया है। रेंज प्रशासन ने आसपास के पुलिस थानों और ग्राम पंचायतों के सरपंचों को पत्र भेजकर चेतावनी दी है कि अब रात्रि ड्यूटी पर तैनात सैनिक पूरी तरह हथियारबंद रहेंगे, और किसी संदिग्ध या अवैध गतिविधि के दौरान हथियार इस्तेमाल की स्थिति भी बन सकती है।
लगातार चोरी के मामलों के बाद समीक्षा बैठक, सशस्त्र निगरानी का फैसला
सेना के पत्र में लिखा है कि कुछ समय से रेंज में खड़े सैन्य वाहनों से ईंधन चोरी की घटनाएं बढ़ी हैं और इनमें आसपास के गांवों के लोग शामिल पाए गए हैं।
इन घटनाओं को गंभीर मानते हुए हुई समीक्षा बैठक में निर्णय लिया गया कि:-
रात की ड्यूटी पर मौजूद संतरी हथियार के साथ तैनात रहेंगे
-
अनैतिक या अवैध गतिविधि दिखने पर संतरी कार्रवाई कर सकता है
-
किसी भी अप्रिय घटना की जिम्मेदारी संबंधित व्यक्ति की स्वयं की होगी
-
फायरिंग रेंज प्रशासन किसी भी स्थिति में जिम्मेदार नहीं होगा
गांवों को चेतावनी—पत्र का संदेश ग्रामीणों तक पहुंचाएं
सेना ने सभी सरपंचों से आग्रह किया है कि वे अपने गांव के लोगों को इस चेतावनी से अवगत कराएं और रेंज क्षेत्र में किसी भी प्रकार की गैरकानूनी गतिविधि से दूर रहने के लिए जागरूक करें।
महाजन फील्ड फायरिंग रेंज के एडम कमांडेंट स्टेशन हेडक्वार्टर ने यह पत्र क्षेत्र में आने वाले चार थानों और दर्जनों गांवों को भेजा है जिनमें रामसरा, जसवंतसर, असरासर, गुंसाईणा, बालादेसर, रतनीसर, श्योनाथपुरा, पीपासर, मालेर, गोपालसर, फुलेजी, खरबारा, 5 सी एम, बख्तावरपुरा, महादेववाली, किशननगर, गौरीसर सहित कई गांव शामिल हैं।
पुलिस ने पत्र मिलने की पुष्टि की
लूणकरणसर और महाजन पुलिस थानों ने सेना से पत्र मिलने की पुष्टि की है।
महाजन थानाधिकारी रामकेश मीणा ने बताया कि—
“यह मामला सेना के अधिकार क्षेत्र का है। अगर कोई घटना हमारे संज्ञान में आती है तो पुलिस भी कार्रवाई करेगी, लेकिन सैन्य क्षेत्र में अवैध गतिविधियों पर प्राथमिक कार्रवाई सेना ही करेगी।” -